Tue. Jun 23rd, 2026

Author: Roshan Lal Sahu

दिवाली से पहले एफडीए की बड़ी कार्रवाई, चेंबूर में 24 लाख की मिलावटी मिठाई की जब्त

फडीए ने जब्त मिठाई के सैंपल को जांच के लिए लैब भेजे गए हैं। एफडीए ने उपभोक्ताओं को सलाह दी है कि वें दिवाली के मौके पर खाद्य सामग्री खरीदते…

शरद पवार के बाद अब साथ आएंगे शिंदे-फडणवीस और राज ठाकरे, राज्य में बन रहे नए सियासी समीकरण!

एनसीपी प्रमुख शरद पवार, शिंदे और फडणवीस एमसीए चुनाव के मुद्दे पर साथ बैठकर ‘डिनर पॉलिटिक्स’ किया। एमसीए चुनाव की पूर्व संध्या पर मुंबई के वानखेड़े मैदान स्थित गरवारे क्लब…

विदाई से पहले मानसून ने दिखाया रौद्र रूप, मराठवाड़ा में मूसलाधार बारिश से किसानों को भारी नुकसान

लगातार हो रही भारी बारिश ने फसलों को बहुत नुकसान पहुंचाया है, जिस वजह से किसानों पर नई मुसीबत टूट पड़ी है। जालना जिले के जाफराबाद तालुक के कई गांवों…

लालच में ठगे गए:गैस एजेंसी संचालक ने गंवाए 5000, आर्मी जवान बताकर दोगुनी राशि मिलने का दिया झांसा, एक रुपए डालने पर रिटर्न मिला 2 रुपए

शहर के मरारपारा निवासी गैस चूल्हा सेल्स एंड सर्विस के संचालक यशवंत साहू से अज्ञात आरोपी ने 5 हजार रुपए की ऑनलाइन ठगी कर ली। संचालक ने बालोद थाने में…

ओडिशा से 50 किलो गांजा लेकर आते 2 हुए गिरफ्तार

बस्तर पुलिस द्वारा आपराधिक तत्वों के विरूद्ध लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी तारतम्य में अवैध गांजा तस्करी पर कार्रवाई करने में बस्तर पुलिस को एक बार फिर से…

चुनाव से पहले भाजपा-कांग्रेस के बीच जुबानी जंग:पूर्व मंत्री केदार बोले-बस्तर के सारे विधायक भ्रष्ट, कांग्रेसने कहा-केदार खो चुके हैं मानसिक संतुलन

छ्त्तीसगढ़ में साल 2023 में विधानसभा चुनाव होना है। कांग्रेस और भाजपा दोनों ही राजनीतिक दलों ने तैयारियां शुरू कर दी है। दोनों पार्टी के नेता लगातार एक दूसरे पर…

सराफा व्यापारी की दिन दहाड़े हत्या:दो लोगों ने दुकान में घुसकर धारदार हथियार से किया हमाला, की लूट

दुर्ग जिले में दिनदहाड़े एक सराफा दुकान में दो लोग लूट करने घुसे। सराफा व्यापारी ने उनका विरोध किया तो उन्होंने धारदार हथियार से हमला करके उसकी हत्या कर दी।…

दो नदियों के सैलाब के बीच फंसे 50 गांव

बांसी। राप्ती व बूढ़ी राप्ती नदियों के बीच बसे 50 से अधिक गांवों के लोगों को जलभराव से निजात नहीं मिल रही है। दोनों नदियों के अपने दायरे में पहुंचने…

राज्यमंत्री ने किया सिद्धार्थनगर का दौरा, बोले- बाढ़ का पानी कम होने पर भेजें नुकसान की सर्वे रिपोर्ट

जिलाधिकारी संजीव रंजन ने बताया कि बाढ़ प्रभावित गांवो में लंच पैकेट, राहत सामग्री तथा मेडिकल किट दी जा रही है। मेडिकल टीमें लगाकर लोगों में दवाएं वितरित की जा…

सरस्वती शिशु मंदिर में शुरू हुई खेल प्रतियोगिता

सिद्धार्थनगर। शिक्षा के साथ-साथ खेलकूद भी जीवन में बहुत आवश्यक है, क्योंकि खेल से ही छात्रों के चरित्र का निर्माण होता है। खेल मैदान चरित्र निर्माण की पाठशाला होती है…

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खेत बचाओ अभियान अंतर्गत भोजपुर जिला के दो गांव में किसानों को दिया प्रशिक्षण भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद का पूर्वी अनुसंधान परिसर, पटना द्वारा संचालित “खेत बचाओ अभियान” के अंतर्गत भोजपुर जिले के सहार प्रखंड के दो गांवों में किसानों के लिए जागरूकता एवं प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए गए। कार्यक्रम का उद्देश्य किसानों को वैज्ञानिक कृषि पद्धतियों, संतुलित पोषक तत्व प्रबंधन, फसल सुरक्षा तथा मृदा स्वास्थ्य संरक्षण के प्रति जागरूक करना था। अभियान के अंतर्गत पहला कार्यक्रम धनछुआ गांव, सहार प्रखंड, भोजपुर में आयोजित किया गया, जिसमें कुल 30 किसानों ने भाग लिया। प्रतिभागियों में 27 पुरुष एवं 3 महिला किसान शामिल थीं। वहीं दूसरा कार्यक्रम कोनी गांव, चौरी पंचायत, सहार प्रखंड, भोजपुर में आयोजित किया गया, जिसमें 31 किसानों ने सहभागिता की। प्रशिक्षण कार्यक्रम में आईसीएआर-पूर्वी अनुसंधान परिसर, पटना से विशेषज्ञगण डॉ. पंकज कुमार, डॉ. मनोज कुमार त्रिपाठी तथा श्री ए.एस. महापात्रा मौजूद थे। साथ ही, कृषि विज्ञान केंद्र, आरा के विषय वस्तु विशेषज्ञ डॉ. विकास सिंह मौजूद थे। विशेषज्ञों ने किसानों को संतुलित उर्वरक उपयोग के महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी देते हुए बताया कि मृदा परीक्षण के आधार पर उर्वरकों का प्रयोग करने से फसलों को आवश्यक पोषक तत्व उचित मात्रा में प्राप्त होते हैं, जिससे उत्पादन लागत कम होती है तथा फसल की उत्पादकता में वृद्धि होती है। उन्होंने रासायनिक उर्वरकों के अंधाधुंध उपयोग से बचने तथा एकीकृत पोषक तत्व प्रबंधन अपनाने पर बल दिया। कार्यक्रम के दौरान किसानों को हरित खाद के महत्व से भी अवगत कराया गया। वैज्ञानिकों ने बताया कि धैंचा एवं सनई जैसी फसलों का उपयोग हरित खाद के रूप में करने से मिट्टी में जैविक कार्बन एवं नाइट्रोजन की मात्रा बढ़ती है, मृदा की संरचना में सुधार होता है तथा भूमि की उर्वरता लंबे समय तक बनी रहती है। उन्होंने किसानों को खरीफ मौसम में धैंचा एवं सनई की खेती कर उन्हें खेत में पलटने की तकनीक एवं उसके लाभों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। कार्यक्रम के दौरान किसानों की समस्याओं एवं जिज्ञासाओं का समाधान भी किया गया। किसानों ने प्रशिक्षण कार्यक्रम को अति उपयोगी बता, ऐसी जागरुकता गतिविधियों के निरंतर आयोजन की आवश्यकता पर बल दिया