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गुरुवार को इटालिया का नया वीडियो वायरल हुआ है। इसमें एक बार फिर पीएम मोदी के लिए अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया गया और उनकी मां हीराबेन के लिए भी अपशब्द कहे गए। हालांकि, आप ने दावा किया है कि ये वीडियो पुराने हैं। उस वक्त इटालिया आप में नहीं थे। 

गुजरात चुनाव के आज संभावित शंखनाद के बीच सत्तारूढ़ भाजपा व आप के बीच सियासत तेज हो गई है। पीएम नरेंद्र मोदी की मां हीरा बा के प्रति गुजरात आप के प्रमुख गोपाल इटालिया द्वारा अपशब्द कहने की भाजपा ने आज फिर कड़ी निंदा की और आप संयोजक अरविंद केजरीवाल को भी निशाने पर लिया। ईरानी ने कहा कि केजरीवाल की कृपा से गुजरात के आप नेतृत्व ने पीएम की 100 साल की मां को दुर्भावनापूर्वक निशाना बनाया है। केजरीवाल का यह नया घटिया स्तर चौंकाने वाला नहीं है।  हीरा बा के प्रति अपशब्द कहने वाले गुजरात आप अध्यक्ष गोपाल इटालिया के वीडियो वायरल हो रहे हैं। गुरुवार को इटालिया का नया वीडियो वायरल हुआ है। इसमें एक बार फिर पीएम मोदी के लिए अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया गया और उनकी मां हीराबेन के लिए भी अपशब्द कहे गए। हालांकि, आप ने दावा किया है कि ये वीडियो पुराने हैं। उस वक्त इटालिया आप में नहीं थे। 

इटालिया के विवादित वीडियो को लेकर गहराते विवाद के बीच केंद्रीय मंत्री ईरानी ने शुक्रवार को कहा, ‘अरविंद केजरीवाल के आशीर्वाद से गुजरात के AAP नेतृत्व ने पीएम की 100 वर्षीय मां पर दुर्भावनापूर्ण हमला किया। केजरीवाल का यह नया घटिया स्तर कोई आश्चर्य की बात नहीं है। हीरा बा का एकमात्र अपराध-नरेंद्र मोदी को जन्म देना है, इसलिए आप नेता और कार्यकर्ता उन्हें दंडित करना और गाली देना चाहते हैं।’ ईरानी ने गुरुवार को कहा था – ‘मैं कोई नाराजगी नहीं जताती, मैं यह नहीं दिखाना चाहती कि गुजराती कितने नाराज हैं, लेकिन आप यह जान लें कि जनता ने आपको देख लिया है। इस गलती के लिए आपकी पार्टी को गुजरात में चुनावी रूप से नष्ट कर दिया जाएगा, जनता न्याय करेगी।’

100 साल की महिला को अपशब्द कहना अक्षम्य
ईरानी ने दावा किया कि इटालिया ने ये बयान केजरीवाल के निर्देश पर दिए। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि गुजरात के आप नेता ने कई ऐसे बयान दिए हैं, जो हिंदुओं और मंदिर जाने वाली महिलाओं का अपमान है। आप नेताओं का 100 साल की महिला, जिसका राजनीति से कोई लेना देना नहीं है, को अपशब्द कहना, स्पष्ट रूप से अक्षम्य है। अरविंद केजरीवाल नए घटिया स्तर पर जा सकते हैं, लेकिन उन्हें एहसास नहीं है कि गुजरात और गुजराती महिलाओं को हमारे समाज में किस सम्मान की नजर से देखते हैं

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