Sun. Feb 22nd, 2026

हरेली त्यौहार को परंपरागत एवं लोग  पर्व  त्योहार माना जाता है।पुराने पहचान  के अनुसार सुरक्षा के लिए घरों के बाहर नीम के  पत्ता  लगाए  जाते  हैं। इस दिन धरती माता की पूजा कर हम पालन पोषण के लिए उनका आभार व्यक्त करते हैं। पारंपरिक तरीके से लोग गेड़ी चढ़कर हरेली की खुशियां मनाते हैं।

फसलों में किसी प्रकार का  बीमारी न लग सके इसके साथ ही पर्यावरण सुरक्षित हो, जिसको लेकर किसानों द्वारा हरेली त्यौहार मनाया जाता है। हरेली अमावस्या अर्थात श्रावण कृष्ण पक्ष अमावस्या को किसान अपने खेत एवं फसल की धूप, दीप एवं अक्षत से पूजा करते हैं

Spread the love

Leave a Reply