
apnibaat. org
लौरिया: लौरिया अंचल क्षेत्र में सरकारी भूमि पर, अस्थायी एवं आंशिक अतिक्रमण को लेकर प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। अंचल प्रशासन की ओर से अंतिम आम सूचना जारी करते हुए स्पष्ट किया गया है कि पूर्व में दिए गए निर्देशों के बावजूद अब तक कई स्थानों पर अतिक्रमण नहीं हटाया गया है, जिसे गंभीरता से लिया गया है। शुक्रवार को सीओ नीतेश कुमार सेठ एवं नगर पंचायत के कार्यपालक पदाधिकारी दिनेश पुरी के नेतृत्व में प्रशासनिक एवं पुलिस पदाधिकारियों की संयुक्त टीम ने लौरिया ब्लॉक गेट से चौक, थाना चौक, गोलंबर चौक, मुख्य बाजार तथा लौरिया–बेतिया और लौरिया–बगहा मुख्य मार्ग का स्थलीय निरीक्षण किया। इस क्रम में थानाध्यक्ष रमेश कुमार शर्मा, राजस्व पदाधिकारी राहुल अग्रवाल तथा एसआई सुधीर कुमार भी निरीक्षण दल में शामिल रहे। निरीक्षण के क्रम में सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा जमाये अतिक्रमणकारियों को अंतिम चेतावनी दी गई और निर्धारित तिथि के भीतर स्वेच्छा से अतिक्रमण हटाने का निर्देश दिया। पदाधिकारियों ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि सरकारी भूमि को अतिक्रमणमुक्त कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और यह कार्रवाई बिहार सरकार के आदेश के आलोक में की जा रही है। प्रशासन ने बताया कि सम्बंधित भूमि बिहार सार्वजनिक भूमि अतिक्रमण अधिनियम, 1956 के अंतर्गत आती है तथा बिना वैध दस्तावेज के किया गया कोई भी अतिक्रमण पूर्णतः अवैध है। आम सूचना के माध्यम से अतिक्रमणकारियों को 5 जनवरी 2026 तक स्वयं अतिक्रमण हटाने का अंतिम अवसर दिया गया है। निर्धारित तिथि के बाद प्रशासन द्वारा अतिक्रमण हटाने की विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी। सरकारी कार्य में बाधा उत्पन्न करने अथवा प्रशासनिक कार्रवाई का विरोध करने वालों के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता के तहत कड़ी कार्रवाई किये जाने की भी चेतावनी दी गई है।
Post Views: 6
